देवरिया- युवक की मौत पर परिजनों का हंगामा, परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप

– स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पुलिस की मौजूदगी में नर्सिंग होम को किया सील

देवरिया। शहर के पुरवा चौराहा के समीप स्थित एक नर्सिंग होम में भर्ती युवक की इलाज के दौरान मौत हो गई। परिजनों ने चिकित्सक व कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। इस दौरान नर्सिंग होम के सभी चिकित्सक व अधिकांश कर्मचारी फरार हो गए। सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नर्सिंग होम को सील कर दिया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नर्सिंग होम में भर्ती अन्य मरीजों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया।

जानकारी के अनुसार भटनी नगर पंचायत के रामलीला मैदान निवासी अजय कुमार गुप्ता (42) पुत्र स्व. जंग बहादुर की तबियत बुधवार को बिगड़ गई। छोटे भाई अरूण गुप्ता के अनुसार अजय कुमार गुप्ता को शुगर की बिमारी थी। शुगर की दवा चलती थी। बुधवार को अचानक अजय की हालत बिगड़ गई। परिजनों ने उन्हे जिला अस्पताल में भर्ती कराया । अरूण गुप्ता के अनुसार, जिला अस्पताल में एक व्यक्ति मिला और परिजनों को अपने झांसे में लेकर वह प्राइवेट अस्पताल में इलाज कराने की सलाह देते हुए पुरवा चौराहा स्थित एक नर्सिंग होम में भर्ती कराने पर जोर दिया। परेशान परिजन उसके झांसे में आ गए और प्राइवेट नर्सिंग होम में भर्ती करा दिए। वहां इलाज शुरू हुआ।

बताया जाता है कि बृहस्पतिवार को अजय की हालत गंभीर हो गई। रात में राउंड लेने आए चिकित्सक को बताया गया तो उसने कहा कि वह चिकित्सक नहीं कर्मी है। इसी बीच अजय की मौत हो गई। इसके बाद परिजन आक्रोशित हो गए और नर्सिग होम पर हंगामा करने लगे। परिजन चिकित्सक एवं कर्मचारियों पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाने लगे। इसी बीच किसी ने पुलिस व सीएमओ को सूचना दे दी। सूचना मिलने पर पुलिस उक्त नर्सिंग होम पर पहुंची।

वहीं स्वास्थ्य विभाग के एसीएमओ डॉ. बीपी सिंह के नेतृत्व में एमपी तिवारी, सरोज तिवारी व अरूण शाही मौके पर पहुंचे तो नर्सिंग होम के चिकित्सक व अधिकांश कर्मचारी फरार थे, मौके पर मात्र तीन कर्मचारी मौजूद थे, उनसे पूछताछ करने के बाद नर्सिंग होम को सील कर दिया गया। नर्सिंग होम में उस समय तीन मरीज थे, जिसमें खुखुंदू थाना क्षेत्र के बालेपुर निवासी एक युवक, मईल थाना क्षेत्र के बलिया गांव निवासी महिला तथा महुआडीह के बेलवा बाजार गांव निवासी एक महिला शामिल थी। इन तीनों मरीजों को एंबुलेंस से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने शव को कब्जे में ले कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

डीएम के निर्देश पर तीन सदस्यीय जांच टीम गठित

नर्सिंग होम में युवक की मौत और हंगामे के मामले में डीएम आशुतोष निरंजन के निर्देश पर तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की गई है। इसमें एसीएमओ डॉ. एसके चौधरी, एसीएमओ डॉ. सतीश सिंह व नायब तहसीलदार सदर धर्मवीर को शामिल किया गया है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आलोक कुमार पांडेय ने कहा कि पुरवा चौराहा के समीप स्थित नर्सिंग होम में भर्ती युवक के मौत और हंगामे की सूचना मिलने पर एसीएमओ डॉ. बीपी सिंह के नेतृत्व में स्वास्थ्य विभाग की टीम को भेजा गया। मौके पर चिकित्सक व अन्य कर्मचारी नहीं मिले। नर्सिंग होम को सील कर दिया गया है। नर्सिंग होम पंजीकृत है। इसकी सूचना डीएम को दी गई है। डीएम के निर्देश पर तीन सदस्यीय जांच टीम गठित की गई है, जिसमें दो एसीएमओ व नायब तहसीलदार सदर शामिल हैं। जांच रिपोर्ट आने पर दोषी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button