
पटना, 14 जून 2026।
बिहार में मद्य निषेध विभाग के सिपाही, जेल वार्डर और मोबाइल स्क्वाड कांस्टेबल पदों पर भर्ती परीक्षा को लेकर हजारों अभ्यर्थी पटना पहुंचे थे, लेकिन अपर्याप्त ट्रेन व्यवस्था और देरी के कारण पाटलिपुत्र रेलवे स्टेशन पर उनका गुस्सा भड़क उठा। अभ्यर्थियों ने रेलवे ट्रैक जाम कर दिए, ट्रेनों पर पथराव किया और कुछ कोचों में तोड़फोड़ की, जिसके बाद स्थिति हिंसक हो गई। पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने और लाठीचार्ज करने के अलावा चेतावनी फायरिंग भी करनी पड़ी।बिहार पुलिस भर्ती के तहत कुल 4210 पदों के लिए लगभग 16 लाख से अधिक अभ्यर्थी आवेदन कर चुके हैं। परीक्षा 14 और 17 जून को दो शिफ्टों में आयोजित हो रही है। अभ्यर्थी दूर-दूर के परीक्षा केंद्रों पर जाने के लिए विशेष ट्रेनों की मांग कर रहे थे, लेकिन पर्याप्त ट्रेनें उपलब्ध नहीं होने और मौजूदा ट्रेनों के विलंब से सैकड़ों युवा स्टेशन पर फंस गए। देर रात स्टेशन पर भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।गुस्साए अभ्यर्थियों ने ट्रेन रोक दी, इमरजेंसी चेन खींची और कुछ ने पथराव शुरू कर दिया। एक विशेष परीक्षा ट्रेन के कोच की खिड़कियां तोड़ दी गईं। पथराव में रेलवे आईजी समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। पुलिस ने स्थिति को काबू में करने के लिए पहले समझाने का प्रयास किया, लेकिन जब अभ्यर्थी नहीं माने तो आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया और लाठीचार्ज किया गया। कुछ रिपोर्टों में चेतावनी फायरिंग की भी बात कही गई है।घटना के बाद स्टेशन पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। रेलवे अधिकारियों ने बताया कि कुछ असामाजिक तत्वों ने भी भीड़ में घुसकर तोड़फोड़ की, जिससे सामान्य यात्री भी प्रभावित हुए। ट्रेन सेवाएं कुछ घंटों के लिए बाधित रहीं, हालांकि बाद में सामान्य हो गईं।अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार और रेलवे विभाग ने परीक्षा के लिए कोई ठोस व्यवस्था नहीं की। कई केंद्र 300-400 किलोमीटर दूर दिए गए हैं, जबकि होम सेंटर की मांग की जा रही थी। बेरोजगारी के इस दौर में सरकारी नौकरी के लिए लाखों युवा प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं, लेकिन लॉजिस्टिक्स की कमी से उनका भविष्य खतरे में पड़ गया है।इस घटना ने बिहार में भर्ती परीक्षाओं की तैयारी और लॉजिस्टिक्स पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विपक्षी दलों ने सरकार पर युवाओं की उपेक्षा का आरोप लगाया है, जबकि प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और भविष्य में बेहतर समन्वय रखा जाएगा।
